जलवायु सप्ताह और संयुक्त राष्ट्र महासभा में हिस्सेदारी के साथ 3M क्लीन एयर एशिया के साथ एक नई साझेदारी के माध्यम से जलवायु परिवर्तन पर काम कर रहा है। 3M और अन्तर्राष्ट्रीय गैर-सरकारी संगठन एशिया के शहरों को रहने योग्य एवं स्वस्थ बनाने के मिशन के साथ नई दिल्ली, भारत और मेट्रो मनीला, फिलीपीन्स के लिए हवा की गुणवत्ता के विज्ञान आधारित समाधानों के लिए साझेदारी करेंगे

अगले 5 सालों में 3M क्लीन एयर एशिया को इसके प्रयासों में सहयोग प्रदान करेगा, जिसके तहत दोनों मिलकर हवा की गुणवत्ता के मूल्यांकन, हवा की गुणवत्ता के प्रबंधन के लिए डिज़ाइन क्षमता निर्माण, जागरुकता एवं शिक्षा अभियानों तथा चुनिंदा शहरों एवं सरकारों के साथ स्वच्छ वायु कार्य योजना के विकास के लिए काम करेंगे और वायु प्रदूषण के स्तर में कमी लाने के लिए प्रयास करेंगे।

‘‘वायु प्रदूषण दुनिया भर में स्वास्थ्य के लिए एक बड़ी चुनौती बन चुका है।’’ गायले शेयूलर, 3M वाईस प्रेज़ीडेन्ट एवं चीफ़ सस्टेनेबिलिटी ऑफिसर ने कहा। ‘‘क्लीन एयर एशिया के साथ साझेदारी करते हुए और अपनी विशेषज्ञता को साझा करते हुए हमें बेहद खुशी का अनुभव हो रहा है, इसके माध्यम से हम विज्ञान आधारित समाधानों के द्वारा जलवायु पर पड़ने वाले नकारात्मक प्रभावों के समाधान में योगदान दे सकेंगे।’’

हवा की बुरी गुणवत्ता दुनिया भर के लिए बड़ा मुद्दा है और एशिया केे शहरी क्षेत्रों में रहने वाले लोग प्रदूषण के चलते कई बीमारियों का शिकार बन रहे हैं। एक अनुमान के मुताबिक 2017 में दुनिया भर में प्रदूषण के कारण पांच मिलियन लोगों की समयपूर्व मृत्यु हुई (पीएम 2.5, घरेलू हवा में प्रदूषण और ओज़ोन), जिसमें से 70 फीसदी मामले एशिया में दर्ज किए गए और पाया गया कि एशिया में सर्वेक्षण किए गए 420 में से मात्र 2 फीसदी शहर ही विश्व स्वास्थ्य संगठन के वायु गुणवत्ता मानकों पीएम 2.5 (सालाना औसत) को पूरा करते हैं। ये परिणाम हवा की गुणवत्ता पर क्लीन एयर एशिया 2018 द्वारा किए गए विश्लेषणों पर आधारित हैं।

भारत भी हवा की बुरी गुणवत्ता से जूझ रहा है। विश्व स्वास्थ्य संगठन के अनुसार 2016 में दुनिया के सबसे ज़्यादा प्रदूषित 20 शहरों में से 14 शहर भारत में थे और हवा की बुरी गुणवत्ता के चलते 900,000 लोगों की समय पूर्व मृत्यु हुई। नई दिल्ली में वायु प्रदूषण के मुख्य स्रोतों में वाहन, सड़क पर उड़ने वाली धूल, घर में खाना पकाना और ओद्यौगिक सुविधाएं हैं।

2017 में मेट्रो मनीला में पांच में से चार शहरों में पीएम 2.5 का स्तर विश्व स्वास्थ्य संगठन एवं पर्यावरणी वायुकी गुणवत्ता के मानकों से अधिक पाया गया।

‘‘एशिया में स्वास्थ्य के लिए घातक इस समस्या का समाधान संभव है, लेकिन तकनीकी समाधानों एवं वित्तीय सहयोग की कमी इसमें मुख्य चुनौतियां हैं।’’ बजारने पेडरसन, क्लीन एयर एशिया के एक्ज़क्टिव डायरेक्टर ने कहा। ‘‘3M के साथ यह साझेदारी इसी कमी को दूर करेगी और विज्ञान आधारित नीतियों एवं प्रोग्रामों में सुधार लाकर नई दिल्ली एवं मेट्रो मनीला में लोगों के जीवन में सुधार लाने में योगदान देगी।’’

3M ने पिछले साल के दौरान रणनीति एवं कार्य के लिए अपनी प्रतिबद्धता को प्रोत्साहित किया है। इसने नव्यकरणी उर्जा, सर्कुलर अर्थव्यवस्था, स्थायी समाधानों, नए उत्पादों पर बड़े ऐलान किए हैं। अपने उपभोक्ताओं, साझेदारों, सरकारों और समुदायों के साथ मिलकर 3एम विश्वस्तरीय चुनौतियों को हल करने और लोगों के जीवन में सुधार लाने के लिए प्रतिबद्ध है।