नई दिल्ली। हाल ही में पंचकुइया रोङ के बाल्मीकि मंदिर के प्रांगण में फिल्म “एक उङान-हौसलों से भरी”. को रिलिज करने के लिए एक सभा की गई। सभा की अध्यक्षता टीम एक उडान के अंतराष्ट्रीय संयोजक जगत गुरु बाबा बाल योगी प्रकट नाथ जी महाराज ने किया। जब कि सभा का संचालन भीम सेना बिहार संयोजक एवं एक उङान के कनभेनर रवीन्द्र पार्थ ने किया।

एक उङान फिल्म के अंतराष्ट्रीय संयोजक फिल्म निदेशक,निर्माता,अभिनेता एवं सेंसर बोर्ड के पूर्व सदस्य रॉकसन ने कहा कि भारत एक संविधान से चलता है। सबों पर समान दृष्टिकोण रखता है। सबों को उचित न्याय दिलाता है। फिर एक के साथ सौतेला व्यवहार क्यों? जहाँ एक फिल्म पद्ममावती को पद्मावत बनाकर रिलीज करनें की अनुमति दे दिया गया।जबकि पद्मावत का विरोध देश के कोने-कोने में विभिन्न संगठनों ने रोषपूर्ण किया।

वहीं एक उङान फिल्म को लेकर आजतक किसी भी संग़ठन,धर्म-सम्प्रदाय या राजनीतिक पार्टियों ने विरोध नहीं किया। फिर भी फिल्म पर प्रतिबंध लगाया गया। जो कहीँ से भी उचित नहीं है। सभा को देश के कोने-कोने से आये विभिन्न दर्जनों समाजिक,राजनीतिक पार्टियों के राष्ट्रीय अध्यक्ष से लेकर प्रदेश स्तर के नेताओं समस्त भारत भीम सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजिन्दर मान, यादव समाज के राष्ट्रीय अध्यक्ष विजेन्द्र यादव, महासचिव आरपी यादव,गाङगे एवं कन्नौजिया समाज के राष्ट्रीय अध्यक्ष विधायक रामसजीवन निर्मल, महासचिव अशोक कन्नौजिया,यूथ फोर बोधिष्ठ के राष्ट्रीय अध्यक्ष शांति स्वरूप, महासचिव श्रीमती गीता जी, युवा ह्दय सम्राट के राष्ट्रीय अध्यक्ष रवि गौतम, बाल्मीकि समाज के राष्ट्रीय अध्यक्ष मनोज पारचा, महासचिव अशोका अज्ञानी, बाल्मीकि समाज के धर्म गुरू चीना महाराज भीम सेना बिहार के प्रदेश संयोजक रवीन्द्र पार्थ, भीम सेना दिल्ली के प्रदेश अध्यक्ष संजय माही, भीम सेना उतर प्रदेश के प्रदेश अध्यक्ष मनोज चौधरी, भीम सेना हरियाणा के प्रदेश अध्यक्ष श्रीमती सुरजीत कौर, भीम सेना के चार प्रदेश के प्रभारी पूजा राठौर आदि ने संबोधित किये। सभी ने फिल्म पर लगे बैन हटाने के लिए सङक से लेकर सदन तक संघर्ष करने का आह्वान किया।

इसके बाद सभा को पदयात्रा में बदलते हुए कङे सुरक्षा के बीच शांति पूर्ण तरीके से पंचकुइया रोङ से निकल कर राष्ट्रपति भवन जाकर उङान के अंतराष्ट्रीय संयोजक बाबा बालयोगी प्रकट नाथ महाराज के नेतृत्व में छः सदस्यीय समिति ने राष्ट्रपति के नाम का ज्ञापन सौंपा। साथ ही समिति ने कहा कि पुनः 25/02/18 को अम्बेडकर भवन दिल्ली में फिल्म को लेकर विशाल धरना-प्रदर्शन किया जाएगा। ये संघर्ष फिल्म रिलीज होने तक देश के कोने-कोने तक जारी रहेगा।