सबलपुर (सोनपुर)। अष्टयाम यज्ञ के सफलतापूर्वक संपन्न होने के उपरांत भव्य सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन सोमवार की संध्या सबलपुर नेवल टोला के महारानी स्थान पर किया गया जिसमें कलाकारों ने भक्ति गीतों, भजनों और होली गीतों से माहौल को गुंजयमान किया ।

कार्यक्रम का प्रारंभ करते हुए प्रसिद्ध लोक गायिका डॉ नीतू कुमारी नवगीत ने गणेश वंदना की प्रस्तुति की । उन्होंने देवी माता की स्तुति में झूला लागल बा निमिया के डार झुलेली माई झूम-झूम के, पावन लागे लाली चुनरिया और मैया के शोभे लाल बिंदिया हो शोभे लाली चुनरिया सहित कई लोकगीत पेश किए । फागुन माह में रंग और गुलाल की विशेष महत्ता होती है और देवी देवता भी रंगों से सरोबार होते हैं । नीतू नवगीत ने इस अवसर पर कई होली गीत भी पेश किए जिनमें कान्हा मार ना ऐसे गुलाल से, रंग बरसे राधा के गाल से, कान्हा मारे गजब पिचकारी की फागुन रंग बरसे और मत मारो बरजोरी रे कान्हा, रंग भरल पिचकारी गीत शामिल रहे। कार्यक्रम में राकेश कुमार मणिकांत और चंदन श्रीवास्तव ने भी भजनों और भक्ति गीतों की प्रस्तुति की।

गायकों के साथ कैसियो पर बलजीत कुमार, नाल पर अनिरुद्ध, हारमोनियम पर राकेश कुमार और पैड पर मनीष कुमार ने संगत किया। कार्यक्रम में हजारों ग्रामीणों ने भाग लिया जबकि बृजेश कुमार, अमोद कुमाररवि राय, मनोज राय आदि ने कार्यक्रम के सफल आयोजन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।